सचिन पायलट की किसान महापंचायत से पूर्व ही स्थानीय विधायक चाकसू वेद प्रकाश सोलंकी के लगें मुर्दाबाद के नारें – 

Before the ” farmer mahapanchayat ” of Sachin Pilot,   the local MLA Chaksu Ved Prakash
Solanki’s eyes of Murdabad.

 

जयपुर | राजस्थान की राजनीति में अभी सियासत चर्म पर हैं जहाँ मुख्यमंत्री अशोक गहलोत कुछ महीनों पहलें गिरती हुई कांग्रेस को बचा पायें थे लेकिन अब लगता हैं कांग्रेस के लियें आगें की ख़ासकर अशोक गहलोत के लियें समय कांटो भरा रहने वाला हैं दो टुकडो में विभाजित कांग्रेस सचिन पायलट और अशोक गहलोत ख़ेमे में अब टकराव अधिक देखने को मिल रहा हैं पर्दे के पीछे सियासत और कुछ ही कह रहीं हैं  –

 

सचिन पायलट की किसान महापंचायत – राजस्थान के पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलेट अभी अपनी जड़ें मजबूत करने के लियें किसान महापंचायत कर रहें हैं अभी राहुल गाँधी के राजस्थान दौरे में भी सचिन को मंच में जगह नहीं मिल सकी अब सचिन अपनी जड़ें मजबूत करने में लगें है

 

चाकसू विधायक वेद प्रकाश सोलंकी के खिलाफ किसानों ने की नारेबाजी – मुर्दाबाद के लगें नारें 

विधायक वेद प्रकाश सोलंकी

हेमराज बैरवा (चाकसू)  |  19 फरवरी 2021 को सचिन पायलट के कोटखावदा ” किसान महापंचायत  “ को लेकर चाकसू विधायक वेद प्रकाश सोलंकी ग्राम पंचायत स्तर पर किसानों से मिल रहे थे विधायक सोलंकी देहलाला गाँव में जब बैठक करने पहुचें तो लोग विधायक सोलंकी को आड़े हाथ ले लियें और जो वादें बाढ़ आपदा के समय कियें गयें थे उसको लेकर टकराव की स्थिति बन गई |

 

 

घटना अनुसार 

 

जहां विधायक ने किसानों को पीले चावल बांटकर बरगलाने की कोशिश कर रहे थे लेकिन किसानों का गुस्सा थमा नहीं और विधायक के खिलाफ नारेबाजी की और सोलंकी मुर्दाबाद के नारे लगाए
माहौल बिगड़ता देख कार्यकर्ताओं ने किसानों को शांत किया किसानों का आरोप है की गत वर्ष 4 मार्च 2020 को कोटखावदा क्षेत्र के गांवों में अत्यंत ओलावृष्टि हुई थी जहां किसानों की फसलें पूरी तरह से नष्ट हो गई थी जिसमें विधायक ने भरोसा दिलाया था की हमारी सरकार होते हुए किसानों के आंसू नहीं आने देंगे और यह वादा किया था कि हम जल्दी से जल्दी किसानों को उनका उचित मुवावजा दिलाएंगे लेकिन ओलावृष्टि को 1 वर्ष होने वाले हैं किसानों का आरोप है अभी तक एक कृपया भी किसानों के खाते में नहीं आया और बिजली विभाग को लेकर किसानों ने आरोप लगाया हैं कि जहां 2 महीने का बिल आया करता था वहां 1 महीने मे ही वसूला जा रहा है दुगना बिल सरकार वसूल रही है और समय पर बिजली भी नहीं दे पाते हैं |

वहीं इनकी मौजूदा सरकार ने चुनावों में किसानों के कर्ज माफी को लेकर किए वादे भी पूरे नहीं किए|

किसानों का कहना है कि चाहे राजस्थान की कांग्रेस सरकार हो या फिर केंद्र की भाजपा सरकार हो दोनों ही सरकार किसानों के विरुद्ध की सरकार है|