Rajasthan: जल्द शुरू होगी सेना भर्ती, जानिए आपके जिले का नाम व तारीख

प्रदेश के हजारों युवा सेना में भर्ती होने के लिए तैयारी कर रहे है और इसी बीच उनका यह सपना जल्द पूरा होता हुआ नजर आ रहा है। प्रदेश में कोरोना की गाइड लाइन का ध्यान रखते हुए सभी जिलों में भर्ती का आयोजन करने की तैयारी शुरू कर दी गयी है। नये साल की शुरूआत में इस भर्ती को शुरू कर दिया जाएगा।

राजस्थान के 5 जिलों में भर्ती की रैलिया आयोजित की जाएगी और इसके लिए पुलिस प्रशासन से सुरक्षा की मांग की है। जयपुर, बीकानेर, अलवर, उदयपुर और अजमेर में सेना भर्ती रैली प्रस्तावित हैं लेकिन जयपुर में कोरोना का खतरा ज्यादा होने के कारण अभी तक स्वीकृति नहीं मिली है।


सेना भर्ती की प्रस्तावित तारीख

सबसे पहले बीकानेर में 10 से 23 जनवरी 2021 के बीच – चूरू, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, झुंझुनू और बीकानेर जिले के युवाओं को मौका दिया जाएगा।

अलवर में 3 से 15 फरवरी 2021 तक – दौसा, सवाई माधोपुर, धौलपुर करौली, भरतपुर जिले के अभ्यर्थी इसमें भाग ले सकेंगे।

जयपुर में अभी तक स्थिति स्पष्ट नहीं है फिर भी यह भर्ती 8 से 19 मार्च- जयपुर, सीकर और टोंक के अभ्यर्थी के लिए तय की गयी है।

उदयपुर संभाग के युवाओं को 5 से 16 अप्रैल – डूंगरपुर, बांसवाड़ा, सिरोही, उदयपुर, बाड़मेर, जालौर, जैसलमेर, प्रतापगढ़, जोधपुर, पाली औरा नागौर को शामिल किया गया है।

सबसे अंत में अजमेर में 3 से 14 मई तक – अजमेर, चित्तौड़गढ़, भीलवाड़ा, राजसमंद, बारां, बूंदी, झालावाड़, कोटा जिले के अभ्यर्थियों को मौका दिया जाएगा।

 

विजय दिवस 2020 : इंदिरा गांधी ने दिखाया था अपना रूद्र रूप, 13 दिन में जीत लिया युद्ध

आज का दिन हर भारतीय के लिए गर्व का वह दिन है जब भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने एक ऐसा ​फैसला लिया जो इतिहास के पन्नों में विजय दिवस के रूप में जाना जाने लगा। बात करें 16 दिसंबर 1971 की तो वह दिन भारतीय सेना के साथ हर भारतीय के लिए गर्व का दिन था इस दिन भारतीय सेना के अदम्य साहस, वीरता की कहानी इतिहास के पन्नों में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज हो गयी।

16 दिसंबर  1971 वो दिन भारत के इतिहास में एक नया अध्याय बना ​उस समय के तत्कालीन प्रधानमंत्री इं​दिरा गांधी ने दुनिया के सबसे शक्तिशाली देश अमेरिका को नजरअदांज करते हुए पाकिस्तान पर आंक्रमण कर दिया और उसके दो टूकड़े करके पाकिस्तान को ऐसा घाव दिया जो सदियों तक उसको चुभता आ रहा है। इंदिरा गांधी ने अमेरिका की चेतावनी के बाद भी पाकिस्तान के दो टुकड़े किए और नया देश बनवा दिया ऐसा करना किसी महिला प्रधानमंत्री के लिए बहुत हिम्मत की बात है।

बताया जाता है कि 3 दिसंबर को पाकिस्तान ने भारत के 11 एयरफील्ड्स पर हमला किया था। इसके बाद यह युद्ध शुरू हुआ और महज 13 दिन में भारतीय सैनिकों ने पाकिस्तान को खदेड़ दिया था। बताया जाता है कि पाकिस्तान के 93000 सैनिकों ने भारतीय सेना के सामने आत्मसमर्पण करते हुए सेना सामने हथियार डाल दिए थे।

इंदिरा गांधी को दुर्गा का अवतार भी कहा जाता है क्योंकि एक महिला होते हुए उन्होंने इतना बड़ा फैसला किया जो किसी चमत्कार से कम नहीं था। उस समय अमेरिका भी इंदिरा को पंसद नहीं करता था इसके बावजूद इंदिरा अमेरिका को किनारे करते हुए पाकिस्तान के दो टूकड़े कर दिये।