विधानसभा में मंत्रियों से मिलता रहा ये शख्स, कोई नहीं रोक पाया…जानिए कौन है ये शक्स…

जयपुर |राजस्थान विधानसभा में गुरूवार को एक शख्स शनि बनकर घूमता रहा, लेकिन न तो सत्तापक्ष मंत्रियों और न ही विपक्ष के विधायकों ने इस शख्स को टोका। यह वही शख्स था, जो सदन के बाहर सरकार के ही खिलाफ काला दिवस मनाने वाले बेरोजगारों को नेतृत्व कर रहा था।

दरअसल, राजस्थान बेरोजगार एकीकृत महासंघ के बैनर तले सैकड़ों बेरोजगारों ने गुरूवार को सरकार के विरोध में विधानसभा पर काला दिवस मनाया था। इसके लिए सदन का ध्यान आकर्षित करने के लिए सभी प्रदर्शनकारी काले कपड़े पहनकर आए थे। इस प्रदर्शन में बेरोगारों के अध्यक्ष उपेन यादव भी शामिल थे। बाहर काला दिवस मना रहे बेरोजगारों को नेतृत्व करने वाले इसके कुछ ही देर बाद सदन में सरकार के मंत्रियों को अपनी मांगे बताने और विपक्षी सदस्यों के द्वारा सदन में उनकी मांगे उठाने के लिए अपना पक्ष रखने गए थे।
देवनानी, तिवाड़ी और कईयों से मिले
उपेन यादव ने बताया कि वे अपनी मांगे बताने के लिए अंदर गए थे। इस दौरान उनकी मुलाकात स्वयं शिक्षा मंत्री वासुदेव देवनानी, अरुण चतुर्वेदी, हेमसिह भडाना, भाजपा के वरिष्ठ विधायक घनश्याम तिवाड़ी, राजपा विधायक किरोडीलाल मीणा सहित अन्य मंत्रियों व नेता प्रतिपक्ष रामेशवर डूडी के साथ ही कई कांग्रेस के नेताओं से मिले। यादव ने बताया कि उन्होंने अपनी मांगे सदन के माध्यम से सरकार तक पहुंचाने के लिए गए थे।
किसी सुरक्षा एजेंसी को नहीं लगी भनक
काले कपड़ों में सदन के बाहर प्रदर्शन करने के दौरान सभी प्रदर्शनकारियों पर तमाम पुलिस के अधिकारियों और सुरक्षा एजेंसियों की निगाह थी, लेकिन उन्हीं काले कपड़ों में उपेन यादव विधानसभा के अंदर चले गए। इस दौरान उनको किसी ने भी नहीं रोका।
पास बनाकर गए थे उपेन
इस मसले पर उपेन यादव का कहना है कि चूंकि सरकार हमारी मांगों को नहीं मान रही हैं, इसलिए विधानसभा में मंत्रियों व विधायकों को अपनी मांगे बताने गए थे। इसके लिए बकायदा सदन का एंट्री पास बनवाकर अंदर गए थे।
ये मांगे हैं बेरोजगारों की
—2013 के 7000 चयनित बेरोज़गारों को जल्दी से जल्दी नियुक्ति दी जाए।

—सुप्रीम कोर्ट से फैसला आए हुए 4 महीनें व 20 दिन बीत चुके हैं, लेकिन आज तक किसी को नियुक्ति प्रकिया शुरु नहीं की।

—SBC मामले से लम्बित, रीट, पटवारी, ग्रामसेवक, व्याख्याता, NTT, जेईएन, सहित 30 भर्तियों की नियुक्ति प्रकिया जल्दी से जल्दी शुरू की जाए, लेकिन

सरकार ने इस बार भी बजट मे लम्बित भर्तियों को पूरा करने के लिए कोई ठोस नीति नहीं बताई।

—बेरोजगारों के लिए भर्तियां नहीं निकालने की घोषणा का भी बेरोज़गारों मे आक्रोश व्याप्त है।

—बेरोज़गार विरोधी बजट के विरोध में राजस्थान बेरोजगार एकीकृत महासंघ के बैनर तले बेरोज़गारों ने काला दिवस बनाया।
इनका यह कहना है
उपेन यादव ने बताया कि काला दिवस मनाने के बाद विधानसभा के अन्दर काले कपडों मे जाकर मंत्री वासुदेव देवनानी, अरुण चतुर्वेदी, हेमसिह भडाना, घनश्याम तिवाडी के सामने बेरोज़गारो की लम्बित भर्तियों को पूरा करने व बेरोज़गारों के लिए नई भर्तियां निकालने की मांग रखी है। इस मसले पर विपक्ष के गोविन्द सिंह डोटासरा, सुखराम विशनोई, नेता प्रतिपक्ष रामेशवर डूडी के सामने रखी। सभी ने बेरोजगारों की मांगों को सदन में रखन का आश्वासन दिया है।

MO को मेडिकल टीचर बनाने के मामले में सरकार का ‘यू टर्न’!

जयपुर। राजस्थान सरकार के आदेश एमओ को मेडिकल कॉलेज में टीचर बनाने के मामले में राज्य के मेडिकल कॉलेजों में टीचर्स इस्तीफा देकर कार्य बहिष्कार पर हैं। डॉक्टरों के कार्य बहिष्कार से घबराई सरकार ने इस मामले में गुरूवार को ‘यू टर्न’ ले लिया।
सरकार ने बैकफुट पर आते हुए कहा है यह आदेश जयपुर में एसएमएस मेडिकल कॉलेज में लागू नहीं होगा। विधानसभा में हंगामे के बीच चिकित्सा मंत्री कालीचरण सराफ ने इस मामले में सफाई देते हुए सरकार की मंशा साफ की।
इससे पहले राजपा के किरोडीलाल मीणा सहित कांग्रेस की ओर से सदन में डॉक्टर्स के कार्य बहिष्कार के समर्थन में आदेश वापस लेने की मांग की। उनके साथ पूरी कांग्रेस ने जोरदार हंगामा किया।
इस दौरान विधानसभाध्यक्ष कैलाश मेघवाल और गोविंद सिंह डोटासरा व किरोडीलाल मीणा के बीच काफी नौक झौंक भी हुई। डोटासरा को नहीं बोलने देने पर उन्होंने अध्यक्ष मेघवाल पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सदन में स्पीकर सरकार को बचाने में लगे हुए हैं। उन्होंने कहा कि मेघवाल ने सरकार से सुपारी ले रखी है।
मांग बिलकुल वाजिब
राजपा के किरोडीलाल मीणा और कांग्रेस के विधायकों ने कहा कि मेडिकल आॅफिसर और मेडिकल टीचर्स विवाद सरकार की नाकामी का जीता जागता उदाहरण है। उन्होंने डॉक्टर्स की मांग को वाजिब बताते हुए कहा कि एक गलत आदेश से राज्य में बखेड़ा खडा हुआ है। इस मामले में मीणा ने सरकार मांगे मानने और अस्पतालों का गतिरोध दूर करने की मांग की है।
सराफ ने दिया डॉक्टर्स को आश्वासन
इस पर मंत्री कालीचरण सराफ ने कहा कि जो आदेश जारी किए गए हैं वे जयपुर में लागू नहीं होंगे। उन्होने स्पष्ट करते हुए कहा कि प्रदेश के 8 अन्य मेडिकल कॉलेजों के लिए यह व्यवस्था लागू की गई है।
इधर, सदन में आश्वासन के बावजूद डॉक्टर्स ने कहा है कि जब तक नए आदेश जारी होते होंगे, तब तक वे कार्य बहिष्कार जारी रखेंगे। दूसरी तरफ मंत्री सराफ ने आदेश जयपुर से बाहर के लिए जारी करने के आदेश दे दिए।

मैंने पत्र लिखकर कोई बयान जारी नहीं किया—डॉ. भारती

जयपुर। राज्य सरकार के द्वारा मेडिकल आॅफिसर्स को मेडिकल कॉलेजों में सह आचार्य और आचार्य बनाने के मामले में सरकार व मेडिकल कॉलेज के टीचर्स और सरकार के बीच चार दौर की वार्ता के बाद देर रात सहमति बन गई। इसके साथ ही दो दिन से चली आ रहा उनका कार्य बहिष्कार समाप्त हो गया।


इधर, गुरूवार को एक लेटर के द्वारा बयान जारी करने के मामले में ‘आॅल राजस्थान इन सर्विस डॉक्टर्स एसोसिएशन’ की सेक्रेटरी डॉ. नसरीन भारत ने कहा कि उन्होंने पत्र भेजकर इस तरह का कोई बयान जारी नहीं किया। साथ डॉ. भारती ने कहा है कि उनके नाम का इस्तेमाल करते हुए किसी व्यक्ति के द्वारा गलत रूप में मेरे बयान जारी किया है, जिसके खिलाफ वे लीगल एक्शन लेंगी।
डॉ. भारती ने साथ ही कहा कि मेडिकल कॉलेज के टीचर, वे स्वयं और उनके कई साथी एजुकेशन के मामले में समान हैं। ऐसे में राज्य सरकार के द्वारा निकला गया आदेश सही है। एआरएसडीए की सचिव डॉ. भारती ने कहा है कि किसी शरारती तत्व ने उनकी छवि खराब करने के लिए ऐसी हरकत की है। उन्होंने कहा कि इस तरह जिसने भी मेल भेजकर पत्र जारी किया है, उसका वे पूरी तरह खंड़न करती हैं। गौरतलब है कि विजय व्यास के एक मेल के द्वारा डॉ. नसरीन भारती के हवाले से सभी मीडियाकर्मियों को एक पत्र जारी किया गया है, जिसमें मेडिकल कॉलेज के टीचर्स की एजुकेशन को लेकर कई सवाल खड़े किए गए हैं। इस पत्र को जारी करने के मामले में डॉ. भारती ने साफ इनकार किया है।
सभी कॉलेजों में योग्य हैं हम सब
इसके साथ ही डॉ. भारती ने कहा है कि समान योग्यता होने के चलते 8, 10 और 18 साल के प्रमोशन के बाद असिस्टेंट प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर और प्रोफेसर बनने के योग्य हो जाते हैं। ऐसे में सरकार के आदेश के मुताबिक हम सीधे मेडिकल कॉलेजों में सह आचार्य और आचार्य बन सकते हैं। आरयूएचएस का हवाला देते हुए डॉ. भारती ने कहा है कि यहां भी आरपीएससी के द्वारा नियुक्यिां नहीं होती, ऐसे में यह बात कहना गलत होगा कि आरपीएससी के द्वारा सलेक्शन नहीं होने के कारण एमओ की मेडिकल कॉलेजों में टीचर के रूप में निुयक्ति नहीं हो सकतीं।

राज्य महिला आयोग ने किया महिला संसद पोस्टर का विमोचन

जयपुर। राजस्थान राज्य महिला आयोग और सारथी संस्थान के संयुक्त तत्वाधान में आज महिला संसद के पोस्टर का विमोचन किया गया।

राज्य महिला आयोग के कार्यालय पर आयोजित इस कार्यक्रम में नारायण बारेठ वरिष्ठ पत्रकार बीबीसी हिंदी एवं प्रताप राव रिजनल हैड इंडिया न्यूज़ राजस्थान सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। इस मौके पर महिला आयोग की अध्यक्षा सुमन शर्मा ने कहा की महिलाये होम मेकर ही नही सोसायटी मेकर भी है। लेकिन महिलायें नीति निर्धारण में कही भी नही है। महिलाओं को अपनी शक्ति को पहचाना चाहिए। सारथी संस्थान की यह पहल अच्छी और महिला आयोग सारथी संस्थान के साथ मिलकर  महिलाओ को जागरूक करते हुए महिला संसद का आयोजन करेगी।

महिला दिवस केअवसर पर दलित महिलाओं ने किया अपने दुःख बया-

जयपुर |अंतर्राष्टीय  महिला दिवस के उपलक्ष्य पर  दलित महिला मंच  राजस्थान व दलित अधिकार केंद्र जयपुर के संयुक्त   तत्वधान में केंद्र कार्यलय   जयपुर में   अंतर्राष्टीय महिला  दिवस कार्यक्रम  का आयोजन किया गया | इसके मुख्य वक्ता डॉ विद्या  जैन  ने कहा की आज आजादी के 68  वर्ष से अधिक  समय हो गया है किन्तु महिलाओं  की स्थिति  आज भी चिंता जनक है और दलित महिलाओं  की स्थिति तो और

भी ख़राब है | महिलाओं को दया की आवश्यकता नही है | महिला ओं को  बराबर की भागीदारी समानता व स्वतंत्रता ,निर्णय प्रक्रिया में सक्रीय भागीदारी की आवश्यकता है जब  तक महिलाओं का  हर स्तर पर हस्तक्षेप नहीं होगा तब तक महिलाये सशक्त  व आत्मनिर्भर नहीं हो सकती | इसके साथ ही  पी एल मीमरौठ – मुख्य कार्यकारी दलित अधिकार केंद्र जयपुर ने कहा की महिला ओं को समानता का अधिकार सम्मान पूर्वक मिले लेकिन दलित  महिलाओं  की स्थिति दलित और महिला होने के कारण दोहरे शोषण का शिकार हो रही है | इस अवसर पर ” राजस्थान की  33 दलित महिलाओं के संघर्ष की गाथा ” नामक पुस्तक का विमोचन किया गया |इन 33 दलित महिलाओं ने परिवार समाज .दबंग जाती  के अत्याचारों से परेशान होकर सामाजिक परिवर्तन के लिए नई राह चुन सफलता के मायने समाज के सामने पेश किये | इस अवसर पर सीकर ,दौसा ,करोली .अलवर अजमेर आदि जिलो से 40 से अधिक् महिला ओं ने हिस्सा लिया |

सीएम राजे ने किया 2017-18 का बजट पेश, देखिए बजट की पूरी जानकारी

जयपुर। राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने राज्य का 67वां बजट पेश कर दिया है। सदन में बजट पढ़ने से पहले विधानसभा अध्यक्ष कैलाश मेघवाल ने मुख्यमंत्री को जन्मदिन की शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि आज आपका (राजे) जन्मदिन है। मेरी (मेघवाल) और सदन की ओर से बधाई बजट भाषण का शुभारंभ मुख्यमंत्री ने पिछले कुछ माह में राज्य को मिले पुरुस्कारों की जानकारी देते हुए किया। उन्होंने कहा कि आर्थिक रूप से काफी विपरीत परिस्थितियों में हमें प्रदेश सम्भालने को मिला। उन्होंने उल्लेख करते हुए कहा कि इस बार बजट की कॉपियों को डिजिटल फॉर्म में रखा गया है।

सड़क
—मुख्यमंत्री ने बजट में घोषणा की है कि राज्य में सड़कों का जाल बिछाया गया है । राजे ने जानकारी दी कि दूसरे चरण में दो हजार किमी की सड़कों का निर्माण कराया जाएगा।
— करीब 1000 किलोमीटर के राज्य राजमार्गों के लिए काम शुरू कराया जाएगा।
केकड़ी में स्कूलों के रास्ते के लिए 17 किलोमीटर मार्ग बनाया जाएगा।
— बाप क्षेत्र में डलब लेन की घोषणा।

पेयजल

— 2039 गांवों में शुद्व पेयजल पहुंचाने की घोषणा राजे ने बजट में की।
— पेजयल योजनाओं पर सरकार छह हजार करोड़ से ज्यादा खर्च करेग—

हवाई सेवा से जुड़ेंगे यह शहर
– कोटा, अजमेर और रणथंभौर को जयपुर के साथ हवाई सेवा से जोड़ा जाएगा।
बीकानेर को नई दिल्ली से और जोधपुर को आगरा से जोड़ा जाएगा।

बिजली

— 400 केवी के दो सहित कई सब स्टेशन स्थापित किए जाएंगे।
वर्तमान में कुल 7500 करोड़ रुपए से अधिक का अनुदान आगामी वर्ष में बढ़ाया जा रहा है।
—एक लाख नए कृषि कनेक्शन दिए जाएंगे

120 करोड़ रुपए होंगे खर्च

  • भरतपुर जिले के डीग, कामा सहित कई कस्बों में पीपीपी पर आरओ प्लांट स्थापित किए जाएंगे।
    निजी कंपनियां अपने खर्च पर करती हैं पेयजल योजनाओं का संरक्षण।
  • इसके साथ जयपुर, अजमेर, बीकानेर, उदयपुर आदि में कार्य कराए जाएंगे।

पर्यटन

–  संरक्षण व जीर्णोद्धार के कार्य 36 करोड़ रुपए की लागत से कराए जाएंगे।
– 2017-18 में आठ संग्राहालय, अलवर, डूंगरपुर सहित संरक्षण व विकास कार्य कराए जाएंगे।
– अजमेर व जोधपुर में 2-2 स्थानों पर भी काम होंगे।
– खेतड़ी में भी काम होंगे।
– टोंक में प्राचीन दुर्लभ हस्तलिखित संग्रहों का डिजिटलाइजेशन कराया जाएगा।
– अलवर में कृष्णभक्त पेनेरोमा का निर्माण कराया जाएगा।
– नागौर, कोटा, झालावाडृ, बूंदी की दरगाहों को पर्यटन स्थल के रूप में स्थापित किया जाएगा।

वन

  • डेजर्ट नेशनल पार्क में गोडावन के संरक्षण के लिए 10 करोड़ रुपए खर्च होंगे।
  • लेपर्ट से प्रभावित क्षेत्रों में लेपर्ट के संरक्षण के लिए प्रोजेक्ट लेपर्ड शुरू कराया जाएगा।
  • टाइगर व लेपर्ड के लिए रणथंभौर, सरिस्का, झालाना आदि में सुरक्षा के लिए विशेष फोर्स लगाई जाएगी।
  • 60 लाख पौधे दूसरे चरण में लगाए जाएंगे। लगाने का काम हाथ में लिया जाएगा। इसके लिए 2 करोड़ रुपए का प्रावधान।
    –  बांसवाड़ा त्रिपुरा सुंदरी, बाड़मेर, जालौर, भीलवाड़ा में स्मृति वन बनाए जांएगे।

उद्योग

  • स्टार्टअप व सूक्ष्म लघु उद्योगों को बढ़ावा दिया जाएगा।
  • कपड़ा उद्योग में इंपोर्ट एक्सपोर्ट को बढ़ावा देने के लिए दो नए सेंटर स्थापित किए जाएंगे।
  • 90 लाख के ऋण पर 6 प्रतिशत ब्याज लिया जाएगा। इस ब्याज को बढ़ाकर डेढ़ करोड़ किया जाएगा।
  • जयनारायण व्यास जोधपुर व कोटा वर्द्धमान महावीर में उद्यमिता विकास केंद्र बनाए जाएंगे।
  • स्टार्टअप व सूक्ष्म लघु उद्योगों को बढ़ावा दिया जाएगा।

किसानों के लिए

  • आगामी दो वर्षों में संभाग स्तर पर ग्राम का आयोजन किया जाएगा।
  • 2016-17 में उर्वरक उपलब्ध कराया गया। अब भी मांग के अनुसार यूरिया और डीएपी उपलब्ध कराया जाएगा।
    केंद्रीय सहकारी बैंकों के माध्यम से फसल ऋण के रूप में 150 करोड़ रुपए उपलब्ध कराए जाएंगे।
  • राज्य सहकारी भूमि विकास बैंक की ओर से 10 करोड़ रुपए ऋण के प्रावधान।
  • आगामी वर्ष में पशु पालन व मत्स्य के लिए 822 कराेड़ रुपए का प्रावधान।
  • पशु चिकित्सालय खोले जाएंगे सभी ग्राम पंचायतों में।

भगवान का भी ध्यान

  • राज्य सरकार तिरुपति बालाजी और बद्रीनाथ में धर्मशाला बनवाएगी।
  • बिहारी जी, गंगा मंदिर भरतपुर, केशोरायपाटन के मंदिरों का जीर्णोद्धार होगा।
    –  20 हजार वरिष्ठ नागरिकों को यात्रा कराई जाएगी, जिनमें 5 हजार को हवाई यात्रा धार्मिक स्थलों की कराई जाएगी।
  • बनारस में अलवर मंदिर का जीर्णाेद्धार कराया जाएगा।

महिलाओं के लिए

  • आगामी वर्ष में पशु पालन व मत्स्य के लिए 822 कराेड़ रुपए का प्रावधान।
  • आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं की बेटियों को आर्थिक सहायता।
  • बालिका शिक्षा के लिए 5000 रुपए प्रोत्साहन राशि।
  • कन्या के विवाह पर देय अनुदान राशि व प्रोत्साहन राशि को दोगुना करने की घोषणा।
  • 1000 महिला दुग्ध उत्पादन केंद्र बनाए जाएंगे।
  • कई शिक्षण संस्थाओं में अध्ययन के लिए  साइकिल उपलब्ध कराई जाएगी।
    इस वर्ष का नारी शक्ति पुरस्कार भी राज्य को दिया जा रहा है।
  • किशोर न्याय अधिनियम के लिए बाल गृह, जोधपुर, भरतपुर, भीलवाड़ा, दौसा, हनुमानगढ़ में बनाए जाएंगे।
  • 90 प्रतिशत के अधिक पाने वाली बोर्ड की  100 छात्राओं को स्कूटी दी जाएगी

सांगानेर एसडीएम को युवा कांग्रेस कार्यकर्ताअों ने दिया ज्ञापन

जयपुर। किसानों की कर्ज माफी को लेकर शुक्रवार को सांगानेर एसडीएम को युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन दिया। ज्ञापन देकर माँग कि गई कि नोटबंदी से किसानों की फसलों व सब्जीयो के खरिददार नहीं होने के कारण आर्थिक नुकसान हुआ है। जिससे आम किसान कर्ज के बोझ के नीचे दबता जा रहा हैं। यहां तक कि कई किसान तो इसके चलते अात्महत्या के शिकार भी हो चुके है।

किसान का कर्जा माफ करवाए

प्रदेश के कई किसान परेशान होकर आत्महत्या तक कर चुके हैं। अतः हमारी मांग हैं कि आप हमारे ज्ञापन को राज्यपाल महोदय द्रारा प्रदेश व केन्द्र सरकार को भेजकर किसानों के कर्ज तुरंत प्रभाव से माफ करवाए। राजस्थान प्रदेश युवा कांग्रेस के साँगानेर विधान सभा अध्यक्ष मनोज सिंह गोतोड़ एवं रमेश शर्मा युवा कांग्रेस नेता साँगानेर विधान सभा,सभी कांग्रेस के पदाधिकारी, कार्यकर्ता मोजुद थे।